डीईडब्ल्यूए ने हट्टा में स्ट्राबाग, एंड्रिट्ज हाइड्रो और ओजकर में हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर स्टेशन के लिए एईडी 1.4 बिलियन का ठेका दिया


दुबई, 17 अगस्त, 2019 (डब्ल्यूएएम) -- दुबई इलेक्ट्रिसिटी एंड वाटर अथॉरिटी (डीईडब्ल्यूए) ने स्ट्राबाग दुबई एलएलसी, स्ट्राबाग एजी, एंड्रिट्ज हाइड्रो और ओजकर कंसोर्टियम से हट्टा में एईडी 1.437 बिलियन के पंप-स्टोरेज हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर स्टेशन के निर्माण के लिए अनुबंध किया है। यह हट्टा के लिए व्यापक विकास योजना का हिस्सा है, जिसका शुभारंभ उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और दुबई के शासक हिज हाइनेस शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने किया है। यह परियोजना अरब की खाड़ी में अपनी तरह की पहली परियोजना है और इससे 250 मेगावाट बिजली पैदा होगी। इस परियोजना के 80 साल तक चलने की उम्मीद है और फरवरी 2024 तक इसे चालू किया जाना है। इस परियोजना के लिए ईडीएफ को सलाहकार नियुक्त किया गया है। यह रणनीतिक परियोजना ऊर्जा मिश्रण में विविधता लाएगी और हट्टा का आर्थिक, सामाजिक और पर्यावरणीय विकास करेगी। यह 2050 तक स्वच्छ ऊर्जा से दुबई के कुल बिजली उत्पादन का 75 फीसदी प्रदान करने के लिए दुबई क्लीन एनर्जी 2050 के लक्ष्यों को भी प्राप्त करेगा। डीईडब्ल्यूए यूएई के नागरिकों को हट्टा व्यापक विकास योजना का सहयोग करने के लिए रोजगार के अवसर प्रदान करेगा। इनमें विजिटर सेंटर में स्थितियां और अन्य बाहरी गतिविधियां और परियोजना से जुड़ी पर्यटक सुविधाएं शामिल हैं।यह हट्टा के सतत विकास का सहयोग करता है, जो इसे अमीरात में सबसे प्रमुख पर्यटक आकर्षणों में से एक बनाता है। डीईडब्ल्यूए के एमडी और सीईओ सईद मोहम्मद अल टायर ने कहा, "यह एईडी 1.437 बिलियन का पुमपैड-स्टोरेज हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर स्टेशन प्रोजेक्ट शेख मोहम्मद बिन राशिद के दृष्टिकोण को प्राप्त करने के हमारे प्रयासों, पहलों और योजना का हिस्सा है। डीईडब्ल्यूए की रणनीति यूएई सेंटेनियल 2071, यूएई विजन 2021 और दुबई प्लान 2021 का सहयोग करती है, ताकि एक स्थायी, भविष्य सुनिश्चित किया जा सके।"

हाइड्रोइलेक्ट्रिक पावर स्टेशन पहाड़ में बनने वाले एक ऊपरी जलाशय में संग्रहित हट्टा डैम में पानी का उपयोग करेगा। बांध से ऊपरी जलाशय तक पानी पंप करने के लिए टर्बाइन दरअसल मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम सोलर पार्क से स्वच्छ और सस्ती सौर ऊर्जा का उपयोग करते हैं। आवश्यकता पड़ने पर टरबाइन का उपयोग करके ऊपरी जलाशय से बिजली उत्पन्न किया जाएगा। अनुवादः एस कुमार.

http://www.wam.ae/en/details/1395302780304

WAM/Hindi