अमीरात की कंपनियों से कोलंबिया के पहले नवीकरणीय ऊर्जा निविदा में भाग लेने कहा गया: अधिकारी

विडियो तस्वीर

अबू धाबी, 11 सितंबर, 2019 (डब्ल्यूएएम) -- कोलम्बियाई उप-ऊर्जा मंत्री ने अपने देश के लंबे समय से प्रतीक्षित पहले स्वच्छ ऊर्जा निविदा में भाग लेने के लिए अमीराती फर्मों को आमंत्रित किया है। अमीरात समाचार एजेंसी, डब्ल्यूएएम से बातचीत करते हुए डिएगो मेसा ने बताया कि "मेरे पास बड़े पैमाने पर नवीनीकरण के लिए हमारी पहली निविदा में अनुबंधों के लिए फर्मों का अंतिम पूर्ण रोस्टर नहीं है। हालांकि, सूची में नए खिलाड़ी हैं और अबू धाबी में मैं अमीरात फर्मों को इस निवेश में भाग लेने के लिए आमंत्रित करता हूं।"

नीलामी में मसदर जैसी अमीराती कंपनियों के भाग लेने की बड़ी संभावना है, जो 22 अक्टूबर को बंद होने वाली है। उन्होंने कहा, "अल्पकालिक लक्ष्य 2022 तक नवीकरणीय क्षमता के 1.5 (गीगावाट) तक पहुंचना है। यह वर्तमान में स्थापित क्षमता के केवल 80 मेगावाट वाले देश के लिए एक बड़ी छलांग है। सप्ताहांत में कोलंबिया में ऊर्जा नियोजन इकाई ने निविदाओं के लिए बोली लगाने वालों की सूची प्रकाशित की है। इस बीच कोलंबिया के अधिकारी ने पुष्टि की कि इस साल की शुरुआत में यूएई के साथ संबंधों को विदेश मामलों और अंतर्राष्ट्रीय सहयोग मंत्री हिज हाइनेस शेख अब्दुल्ला बिन जायद अल नहयान की यात्रा के बाद "एक महत्वपूर्ण गति" मिली है। मेसा ने कहा, "द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत किया जा रहा है। हमने 2012 में यहां अपना दूतावास खोला और तब से हमने यूएई के ऊर्जा व उद्योग मंत्रालय और मसदर के साथ कई समझौता पर हस्ताक्षर किए हैं।"

"हम एक खुले बाजार हैं और हम विभिन्न क्षेत्रों में यूएई के साथ काम करने के लिए तत्पर हैं, जिसमें ऊर्जा पर विशेष (जैसे) तेल और गैस के साथ ग्रामीण विकास में जोर दिया गया है।"

उन्होंने कहा कि मार्च में कोलंबिया के बोगोटा में यूएई दूतावास का उद्घाटन दोनों देशों के बीच संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए एक और कदम है। "अब हमारे पास यूएई का एक नया राजदूत है और मेरा मानना है कि संबंधों को विकसित करने के लिए हमारे पास बहुत सारे अवसर हैं।"

वैश्विक ऊर्जा परिदृश्य पर कोलंबियाई अधिकारी ने कहा, "अमेरिका में शेल (तेल) क्रांति है। दो विश्व महाशक्तियों (अमेरिका और चीन) के बीच व्यापार तनाव है। इस क्षेत्र में बहुत सारी गतिशीलता है जिन पर ध्यान देने की आवश्यकता है। कीमतें अब कुछ हद तक स्थिर हैं, जो बाजार के कुछ खिलाड़ियों के लिए अच्छा है।"

उन्होंने कहा, "परंपरागत स्रोतों से मिल रहे तेल की कीमतों को स्थिर बनाए रखने के लिए दुनिया को महाशक्तियों के बीच व्यापार तनाव को दूर करने के लिए सभी आवश्यक कार्रवाई करने की आवश्यकता है।"

उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि तेल की मांग बढ़ेगी, या "कम से कम स्थिर हो जाएगी, भले ही कीमतों में बढ़ोतरी हो।"

अनुवादः एस कुमार.

http://wam.ae/en/details/1395302785782

WAM/Hindi